देहरादून :  देहरादून में मानवता को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। दो जवान बेटों द्वारा अपनी कैंसर पीड़ित मां और बुजुर्ग पिता के साथ मारपीट और गाली-गलौज करने की शिकायत पर जिलाधिकारी देहरादून ने दोनों बेटों के खिलाफ ‘गुंडा अधिनियम’ के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है। डीएम ने दोनों को 25 नवम्बर को न्यायालय में पेश होने के आदेश दिए हैं।

जनता दर्शन में बुजुर्ग दंपती ने सुनाई दर्दभरी कहानी

10 नवम्बर को आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में देहरादून निवासी गीता देवी और उनके पति राजेश ने जिलाधिकारी से मिलकर बताया कि उनके दोनों बेटे उन्हें प्रताड़ित कर रहे हैं। शराब के नशे में आए दिन मारपीट और गाली-गलौज करते हैं। गीता देवी कैंसर से जूझ रही हैं, फिर भी बेटों के अत्याचार से राहत नहीं। परेशान होकर दोनों बुजुर्ग अब किराए के मकान में रहने को मजबूर हैं।

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कोर्ट में तलब किए दोनों बेटे

डीएम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए न्यायिक कार्रवाई प्रारंभ की। दोनों बेटों को नोटिस जारी कर 25 नवम्बर 2025 को डीएम कोर्ट में उपस्थित होने का आदेश दिया गया है। डीएम ने स्पष्ट किया कि “जो भी शांति व्यवस्था भंग करेगा या बुजुर्ग माता-पिता के साथ दुर्व्यवहार करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।”

बुजुर्गों को मिल रहा सहारा

जिलाधिकारी कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ महीनों में कई ऐसे प्रकरण सामने आए हैं जहाँ डीएम कोर्ट ने तत्काल हस्तक्षेप कर पीड़ित बुजुर्गों को राहत दी है। कुछ मामलों में समझौता कराते हुए परिवारों को टूटने से बचाया गया है, वहीं गंभीर मामलों में आरोपियों को जिला बदर तक किया गया है।

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जनता दर्शन बन रहा है ‘न्याय का दरवाज़ा

देहरादून में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम अब आम जनता के लिए एक न्याय का सशक्त माध्यम बनता जा रहा है। विशेष रूप से बुजुर्गों और महिलाओं के मामलों में डीएम की तत्परता से पीड़ितों को राहत मिल रही है।

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